बालाघाट - तहसील विधिक सेवा समिति वारासिवनी द्वारा 01 सितम्बर 2022 को ग्राम पंचायत भवन रामपायली में आयोजित विधिक साक्षरता एवं जागरूकता शिविर में समिति के अध्यक्ष एवं विशेष न्यायाधीश पास्को एक्ट शिवलाल केवट द्वारा उपस्थित व्यक्तियों को विधि की जानकारी दी गई । उनके द्वारा बताया गया कि चूंकि यह क्षेत्र कृषि प्रधान क्षेत्र है एवं किसानों के मध्य सीमा चिन्ह को लेकर अनेक विवाद उत्पन्न होते हैं एवं न्यायालय में प्रकरण विचाराधीन रहते हैं। इसलिये सीमांकन के समय कुछ अपेक्षित सावधानी रखना चाहिये। उन्होंने कहा कि जब भूमि का सीमांकन हो, उस समय राजस्व अधिकारी को यह कहना चाहिये कि स्थायी सीमा चिन्ह से सीमांकन किया जाए एवं स्वयं संतुष्ट होना चाहिये। वर्तमान में सैटेलाइट से सीमांकन कार्यवाही की जा रही है, जिसमें त्रुटि होने की सम्भावना कम रहती है।
विधिक जानकारी देते हुए यह भी कहा गया कि अपना मोबाइल को किसी को भी उपयोग करने के लिये ना दें, क्योंकि इससे किसी के द्वारा अश्लील या अपमानजनक मैसेज़ भेजने पर मोबाइलधारक के विरूद्ध कार्यवाही होती है। बच्चों को मोबाइल दें तो समय-समय पर उसकी मॉनिटरिंग करें तथा मोबाइल की उपयोगिता एवं नुकसान को बताएं। भ्रष्टाचार के संबंध में उन्होंने यह कहा कि हमारे देश का संविधान ‘‘हम भारत के लोग’’ से प्रारम्भ होता है, लेकिन हम संविधान के मूल उद्येश्य को भूल गए और ऐसे आचरण कर रहे हैं, जो भ्रष्ट आचरण की परिधि में आता है। इसलिये ना तो भ्रष्ट आचरण करें, ना ही इसे बढ़ावा दें। अंत में लैंगिक अपराध से संबंधित अपराधों के बारे में बताया गया कि बच्चों को इस अपराध की गम्भीरता व उससे होने वाले नुकसान के बारे में बताएं । क्योंकि इस प्रकृति के अपराध से बच्चों का भविष्य चौपट होता है। कार्यक्रम में अधिवक्ता पी.के. पाठक, ग्राम पंचायत के सरपंच, नगर निरीक्षक तथा अन्य गणमान्य व्यक्ति व मीडिया के लोग उपस्थित थे।

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