सभी अधिकारी जीरों पेंडेंसी पर करें कार्य – कलेक्टर श्री कन्याल
विकसित भारत के लक्ष्य को ध्यान में रखकर जिले को दें नई दिशा
समय सीमा बैठक में लंबित पत्रों की विभागवार समीक्षा बैठक में दिेये आवश्यक दिशा-निर्देश
गुना
कलेक्ट्रेट सभागार में कलेक्टर श्री किशोर कुमार कन्याल की अध्यक्षता में समय-सीमा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक दुबे, अपर कलेक्टर श्री अखिलेश जैन सहित विभिन्न विभागों के जिला अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक के आरंभ में दिल्ली से आई टीम द्वारा जिले के पुनर्गठन, तहसीलों की सीमाओं एवं प्रशासनिक पुनर्संरचना को लेकर अधिकारियों से विस्तृत चर्चा की गई। टीम ने जिले की प्रशासनिक आवश्यकताओं एवं संभावित पुनर्गठन के संबंध में सुझाव प्राप्त किए। कलेक्टर श्री कन्याल द्वारा जिले में किये गये नवाचार एवं कार्यशैली से अवगत कराया। कलेक्टर श्री कन्याल ने कहा कि जिले के विकास के लिए सभी अधिकारियों को विकसित भारत की सोच के साथ कार्य करना होगा। उन्होंने कहा कि गुना को देश में अग्रणी जिला बनाने विकास के उच्च स्तर तक पहुंचाने के लिए सभी विभाग समन्वय से कार्य करें।
बैठक के दौरान कलेक्टर द्वारा सभी अधिकारियों को जीरो पेंडेंसी पर कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने गर्मी के मौसम में आगजनी की घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि आग लगने के कारणों की पहचान कर प्रभावी रोकथाम के उपाय सुनिश्चित किए जाएं। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम स्थलों पर मैकेनिकल झूलों की अनुमति न दी जाए, ताकि दुर्घटनाओं की संभावना कम हो। साथ ही ऐसे स्थानों पर पर्याप्त फायर ब्रिगेड, पानी एवं सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए जहां आग लगने की आशंका अधिक रहती है।
जल गंगा संवर्धन अभियान की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि सभी कार्य समय पर अपडेट किए जाएं। जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक दुबे ने अभियान में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर नाराजगी व्यक्त की।
बैठक में श्रम पदाधिकारी श्री आशीष तिवारी द्वारा प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन पेंशन योजना की जानकारी से अवगत कराया। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि अधिक से अधिक पात्र हितग्राहियों का पंजीयन कराया जाए। उन्होंने बताया कि 18 से 40 वर्ष आयु वर्ग के ऐसे व्यक्ति जिनकी मासिक आय ₹15,000 से कम है, वे सीएससी सेंटर के माध्यम से योजना में पंजीयन कर सकते हैं। योजना अंतर्गत हितग्राही को ₹55 से ₹200 तक मासिक अंशदान करना होगा तथा 60 वर्ष की आयु पूर्ण होने पर ₹3,000 मासिक पेंशन प्रदान की जाएगी।
बैठक में जिले में पराली जलाने की घटनाओं को रोकने, उपार्जन व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने तथा अधिकारियों को नियमित फील्ड भ्रमण करने के निर्देश दिए गए। ई-विकास में किसी प्रकार की समस्या न हो, इस पर भी विशेष ध्यान देने को कहा गया। इस दौरान कलेक्टर श्री कन्याल ने राजस्व अधिकारियों को निर्देशित किया कि आरसीएमएस पोर्टल पर जीरो पेंडेंसी रखी जाए तथा नामांतरण, सीमांकन एवं बंटवारा प्रकरणों का समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित किया जाए।
कलेक्टर श्री कन्याल ने जानकारी देते हुए बताया जनगणना 2027 के अंतर्गत ऑनलाइन स्व-गणना की अंतिम तिथि 30 अप्रैल 2026 अब बेहद करीब है। उन्होंने जिले के नागरिकों से अपील की है कि वे अंतिम तिथि का इंतजार न करें और तुरंत स्व-गणना की प्रक्रिया पूर्ण करें। उन्होंने कहा कि यह देश के विकास की आधारभूत प्रक्रिया है, जिसमें प्रत्येक व्यक्ति की भागीदारी अत्यंत आवश्यक है। आज आयोजित बैठक में कलेक्टर द्वारा विभागवार लंबित पत्रों की समीक्षा कर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
