स्वप्रेरणा और संवेदनशीलता से करें काम, तभी दिखेंगे बेहतर परिणाम
समय-सीमा बैठक में गौशालाओं, पेयजल, स्वास्थ्य सेवाओं, मुख्यमंत्री हेल्पलाइन और लंबित प्रकरणों की समीक्षा; लापरवाही पर कार्रवाई के निर्देश
गुना
शासन की योजनाओं एवं जनहित के कार्य केवल निर्देशों के भरोसे नहीं, बल्कि अधिकारियों की स्वप्रेरणा, संवेदनशीलता और जिम्मेदारी से प्रभावी ढंग से पूरे किए जा सकते हैं। इस आशय के विचार कलेक्टर श्री किशोर कुमार कन्याल ने सोमवार को जिला कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित साप्ताहिक समय-सीमा बैठक में व्यक्त किए। बैठक में उन्होंने गौशालाओं की व्यवस्थाओं, पेयजल आपूर्ति, स्वास्थ्य सेवाओं, सीएम हेल्पलाइन तथा विभिन्न विभागों के लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। बैठक में अपर कलेक्टर श्री अखिलेश जैन, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अभिषेक दुबे सहित सभी जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
गौशालाओं का नियमित निरीक्षण, लापरवाही पर होगी कार्रवाई
गौशालाओं की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने सभी एसडीएम, जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों तथा नगरीय निकायों के मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को नियमित निरीक्षण करने के निर्देश दिए। उन्होंने गौशालाओं में चारा एवं पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने तथा व्यवस्थाओं की सतत निगरानी करने को कहा। साथ ही खुले में विचरण कर रहे गौवंश के मामले में लापरवाही बरतने वाले पशुपालकों के विरुद्ध जुर्माने की कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए।
पेयजल और स्वास्थ्य सेवाओं पर विशेष निगरानी के निर्देश
लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग (पीएचई) की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने कहा कि जिले में कहीं भी पेयजल संकट की स्थिति नहीं बननी चाहिए। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को वर्षा ऋतु को देखते हुए उल्टी-दस्त एवं डायरिया की रोकथाम के लिए विशेष अभियान चलाने, पेयजल के नमूनों की नियमित जांच कराने तथा दूषित पेयजल की शिकायत मिलने पर तत्काल सुधारात्मक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों का समय पर करें निराकरण
सीएम हेल्पलाइन की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने निर्देश दिए कि 50 दिवस से अधिक अवधि की कोई भी शिकायत लंबित नहीं रहनी चाहिए। उन्होंने सभी विभागों को सिटीजन चार्टर के अनुरूप निर्धारित समय-सीमा में सेवाएं उपलब्ध कराने के निर्देश देते हुए कहा कि अनावश्यक विलंब की स्थिति में संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
लंबित राजस्व प्रकरणों के शीघ्र निराकरण पर जोर
बैठक में कलेक्टर ने राजस्व विभाग से संबंधित भूमि आवंटन के सभी लंबित प्रकरणों का शीघ्र निराकरण करने के निर्देश दिए, ताकि पात्र हितग्राहियों को समय पर लाभ मिल सके। बैठक के अंत में उन्होंने विभिन्न विभागों के लंबित पत्रों एवं प्रकरणों की विभागवार समीक्षा करते हुए अधिकारियों को समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण एवं प्रभावी निराकरण सुनिश्चित करने के लिये कहा।
