यातायात व्यवस्था को और अधिक सुगम बनाने यातायात पुलिस की ऑटो एवं ई-रिक्शा चालकों के साथ संवादात्मक बैठक
*जय स्तंभ चौराहे सहित प्रमुख तिराहों की यातायात व्यवस्था पर हुआ मंथन, चालकों के सुझावों पर अमल का भरोसा*
*स्कूलों के बाहर लगने वाले जाम, अतिक्रमण, ऑटो स्टैंड जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर हुई विस्तृत चर्चा*
*'सेफ क्लिक-2.0' अभियान के तहत साइबर सुरक्षा एवं सुरक्षित डिजिटल व्यवहार का भी दिया महत्वपूर्ण संदेश*
गुना पुलिस अधीक्षक श्रीमती हितिका वासल के दिशा निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री प्रशांत कुमार सुमन के मार्गदर्शन तथा डीएसपी ट्रैफिक श्री मुकेश कुमार दीक्षित के पर्यवेक्षण में यातायात थाना प्रभारी निरीक्षक अजय प्रताप सिंह द्वारा आज दिनांक 05 जुलाई 2026 को यातायात थाना परिसर में ऑटो रिक्शा एवं ई-रिक्शा चालकों के साथ संवादात्मक बैठक आयोजित की गई । बैठक का उद्देश्य शहर की यातायात व्यवस्था को और अधिक सुरक्षित, सुव्यवस्थित एवं जनहितैषी बनाना तथा चालकों के सुझावों के माध्यम से प्रभावी समाधान तलाशना रहा ।
बैठक के दौरान जयस्तंभ चौराहा, जगत तिराहा एवं लाहोटी मार्ग तिराहा आदि व्यस्ततम क्षेत्रों की यातायात व्यवस्था पर विस्तार से चर्चा की गई । ऑटो एवं ई-रिक्शा चालकों ने बताया कि शहर में सर्वाधिक सवारियां जय स्तंभ चौराहे से मिलती हैं, लेकिन वहां अधिकृत ऑटो स्टैंड नहीं होने के कारण वाहनों का समूह बन जाता है, जिससे यातायात बाधित होता है । इस पर यातायात थाना प्रभारी ने सभी चालकों को समझाइश देते हुए कहा कि चौराहों पर अव्यवस्थित ढंग से वाहन खड़े करने से जाम की स्थिति निर्मित होती है, इसलिए सभी चालक यातायात व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें ।
चालकों ने सुझाव दिया कि हनुमान चौराहा जाने वाले ऑटो के लिए फूलों की दुकानों के सामने, बजरंगगढ़ एवं आरोन की ओर जाने वाले ऑटो के लिए बीकानेर स्वीट्स के सामने तथा कुशमोदा की ओर जाने वाले ऑटो के लिए शिमला स्वीट्स अथवा पुराने आरटीओ कार्यालय के सामने सड़क किनारे सफेद अथवा पीली लाइन चिन्हित कर दी जाए एवंसभी चालकों ने आश्वासन दिया कि निर्धारित लाइन के भीतर एकल पंक्ति में वाहन खड़े कर ही सवारियां बैठाई जाएंगी, जिससे यातायात अधिक सुचारु एवं व्यवस्थित रहेगा ।
बैठक में चालकों ने यह भी अवगत कराया कि प्रतिदिन प्रातःकाल जय स्तंभ चौराहे पर बड़ी संख्या में मजदूरों के एकत्रित होने से यातायात प्रभावित होता है । उन्होंने मजदूरों के लिए किसी अन्य उपयुक्त स्थान की व्यवस्था किए जाने का सुझाव दिया, जिससे चौराहे पर यातायात का दबाव कम किया जा सके ।
अंबेडकर चौराहे पर बढ़ते गुमटी एवं ठेला अतिक्रमण पर भी चालकों ने चिंता व्यक्त करते हुए समय रहते आवश्यक कार्यवाही की मांग की, ताकि भविष्य में यातायात अवरुद्ध होने जैसी स्थिति उत्पन्न न हो ।
बैठक के दौरान कुछ चालकों ने ड्राइविंग लाइसेंस एवं वाहन संबंधी दस्तावेजों के नवीनीकरण में आ रही व्यावहारिक समस्याओं से भी अवगत कराया । जिस पर यातायात थाना प्रभारी ने उनकी समस्याओं को वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंचाकर यथासंभव समाधान कराने का आश्वासन दिया ।
विद्यालयों के बाहर लगने वाले यातायात जाम पर भी विस्तृत चर्चा हुई । चालकों ने बताया कि वंदना स्कूल, शांति पब्लिक स्कूल एवं केंद्रीय विद्यालय में पर्याप्त स्थान उपलब्ध होने के बावजूद ऑटो सड़क पर खड़े कराए जाते हैं, जबकि क्राइस्ट स्कूल में वाहनों की पार्किंग परिसर के अंदर कराई जाती है । इस पर थाना प्रभारी ने संबंधित विद्यालय प्रबंधन से चर्चा कर आवश्यक एवं व्यावहारिक व्यवस्था सुनिश्चित कराने का भरोसा दिलाया ।
बैठक के समापन पर सभी ऑटो एवं ई-रिक्शा चालकों को मध्यप्रदेश पुलिस के "सेफ क्लिक 2.0" अभियान की जानकारी देते हुए साइबर अपराधों से बचाव के संबंध में जागरूक किया गया । साथ ही सभी चालकों से यातायात नियमों का पालन करने, अनुशासित ढंग से वाहन संचालन करने एवं शहर की बेहतर यातायात व्यवस्था बनाए रखने में सक्रिय सहयोग करने की अपील की गई ।
बैठक में यातायात थाना प्रभारी निरीक्षक अजय प्रताप सिंह के साथ सूबेदार अविनाश उमरैया, प्रधान आरक्षक अनिल सोलंकी, आरक्षक बडेराजा सिंह, आरक्षक अभिनंदन, आरक्षक दीपक आदि उपस्थित रहे ।
