अंजलि तिवारी की जन जागरूकता से लगभग शत प्रतिशत हुआ ईकेवाईसी
अरविन्द तिवारी की रिपोर्ट
जांजगीर चाम्पा - छत्तीसगढ़ सरकार की महत्वाकांक्षी योजना 'महतारी वंदन योजना' के तहत पात्र महिलाओं को प्रतिमाह एक हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जा रही है। योजना का लाभ निरंतर मिलता रहे , इसके लिये हितग्राहियों का ईकेवाईसी अनिवार्य किया गया है। इसी क्रम में जिले के नवागढ़ विकासखण्ड अंतर्गत आने वाले ग्राम अमोरा (महन्त) की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता अंजलि तिवारी पिछले तीन महीने गाँव के हर वार्ड में जाकर और व्हाट्सएप समूह के माध्यम से भी महिलाओं को ईकेवाईसी के लिये जागरूक करने का अभियान छेड़ रखी थी। उन्होंने मीडिया से चर्चा करते हुये अरविन्द तिवारी को बताया कि वे सुबह केंद्र खुलने से पहले और शाम को महिलाओं के घर जाकर ईकेवाईसी का महत्व समझा रही थीं। कई महिलाओं के मोबाइल नंबर आधार से लिंक नहीं था या बायोमेट्रिक में दिक्कत आ रही थी। ऐसे महिलाओं को नजदीकी च्वॉइस सेंटर भेजी गई।उन्होंने बताया कि गांव में जितने भी हितग्राही हैं , उनमें से 98 प्रतिशत महिलाओं का ईकेवाईसी आज अंतिम दिवस तक पूर्ण हो चुका है। ईकेवाईसी करा चुकी महिलाओं ने कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के समझाने से ही पता चला कि ईकेवाईसी जरूरी है। अब पैसे रुकेंगे नहीं , इसलिये तुरंत करवा लिये।
कार्यक्रम अधिकारी का कथन -
कलेक्टर जांजगीर चाम्पा के निर्देशन एवं जिला कार्यक्रम अधिकारी श्रीमती अनीता अग्रवाल के मार्गदर्शन मे महिला बाल विकास टीम जांजगीर चाम्पा ने उपलब्धियां अर्जित की है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता हमारी योजना की सबसे मजबूत कड़ी हैं। इनके परिश्रम से ही महतारी वंदन योजना का लाभ अंतिम महिला तक पहुँच रहा है। गौरतलब है कि प्रधानमंत्री महतारी वंदन योजना अंतर्गत भी जिला जांजगीर चाम्पा ने राज्य मे प्रथम स्थान प्राप्त किया है। समस्त आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओ के सतत प्रयास व परियोजना अधिकारी व पर्यवेक्षक के कुशल दिशा निर्देश मे सभी योजनाओं मे लगातार प्रगति परिलक्षित हो रही है। महतारी वंदन योजना अंतर्गत ईकेवाईसी में ग्राम पंचायत अमोरा में 1105 हितग्राही महिलाओ में से 99 प्रतिशत महिलाओ का ईकेवाईसी पूर्ण कर लिया गया है एवं महिलायें योजना से प्रतिमाह लाभान्वित हो रही हैं।
