कब्रिस्तान के पास मिले गाय के बछड़े के शव मामले का पुलिस ने किया खुलासा
*पुलिस जांच में सामने आया—बीमारी से हुई थी बछड़े की मौत, शव को कर्मचारी के साथ कब्रिस्तान के पास फेंक गया था मालिक*
गुना पुलिस अधीक्षक श्रीमती हितिका वासल के कुशल नेतृत्व में गुना पुलिस द्वारा जिले में घटित आपराधिक घटनाओं में त्वरित एवं सतर्कतापूर्वक कार्यवाही की जा रही है । इसी क्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री प्रशांत सिंह सुमन के मार्गदर्शन एवं प्रभारी सीएसपी गुना श्री आनंद राय के पर्यवेक्षण में पुलिस द्वारा कैंट थानांतर्गत उमरिया रोड स्थित कब्रिस्तान के पास गाय के बछड़े का आधा खाया हुआ शव मिलने की घटना का त्वरित खुलासा किया गया है ।
उल्लेखनीय है कि दिनांक 19 अगस्त 2026 की रात फरियादी मोहन कुशवाह निवासी चांदशाहबली रोड, गुना द्वारा अपने अन्य साथियों के साथ कैंट थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी कि उमरिया रोड से गुजरते समय कब्रिस्तान के पास उसे गाय के बछड़े का कटा हुआ आधा शरीर दिखाई दिया, जिसे देखकर उसे किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा बछड़े की हत्या किए जाने की आशंका हुई । फरियादी की रिपोर्ट पर कैंट थाने में अज्ञात आरोपी के विरुद्ध अपराध क्रमांक 711/2026 धारा 325 बीएनएस के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ की गई ।
प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक श्रीमती हितिका वासल द्वारा पुलिस की विशेष टीमें गठित कर घटना का शीघ्र खुलासा करने के निर्देश दिए गए । पुलिस टीमों द्वारा घटना स्थल एवं उसके आसपास के क्षेत्रों में लोगों से पूछताछ की गई तथा विभिन्न स्थानों के सीसीटीवी फुटेज का बारीकी से विश्लेषण किया गया । पुलिस जांच में सामने आया कि घटना स्थल से करीब 300 मीटर की दूरी पर लल्लूराम शर्मा का बाड़ा स्थित है, वहां एक गाय के बछड़े की बीमारी के कारण मृत्यु हो गई थी । इसके बाद बछड़े के शव को लल्लूराम शर्मा द्वारा अपने कर्मचारी राज कुशवाह के साथ उमरिया रोड स्थित कब्रिस्तान के पास फेंक दिया गया था । बाद में उक्त शव को जानवरों द्वारा खा लिया गया, जिसके कारण उसका आधा शरीर ही मौके पर दिखाई दे रहा था । शव की पीएम रिपोर्ट में भी शव को जानवरों द्वारा खाने की संभावना व्यक्त की गई थी एवं सीसीटीवी फुटेज में भी सफेद-काले रंग के बछड़े के शव को मौके पर ले जाते हुए पाए गए तथ्यों का मिलान किया गया ।
पुलिस द्वारा कर्मचारी राज कुशवाह से पूछताछ किए जाने पर उसके द्वारा भी बछड़े की बीमारी के कारण मृत्यु होना तथा लल्लूराम शर्मा के साथ मिलकर उसके शव को उमरिया रोड स्थित कब्रिस्तान के पास फेंकना स्वीकार किया गया । इस प्रकार पुलिस द्वारा त्वरित एवं सघन जांच, सीसीटीवी फुटेज के विश्लेषण एवं पूछताछ के माध्यम से मामले का शीघ्र खुलासा कर घटना की वास्तविक स्थिति स्पष्ट की गई । पुलिस की तत्परता एवं वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर की गई जांच से स्पष्ट हुआ कि बछड़े की किसी व्यक्ति द्वारा हत्या नहीं की गई थी, बल्कि उसकी बीमारी के कारण मृत्यु हुई थी और बाद में उसके शव को मौके पर फेंक दिया गया था, जिसे जानवरों द्वारा खा लिया गया ।
गुना पुलिस द्वारा जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने एवं प्रत्येक सूचना की गंभीरता से जांच कर वास्तविक तथ्यों को सामने लाने हेतु सतत प्रभावी कार्यवाही की जा रही है।
पुलिस की इस तत्पर एवं सफल कार्यवाही में कैंट थाना प्रभारी निरीक्षक अनूप कुमार भार्गव, गुना कोतवाली प्रभारी निरीक्षक राजकुमार शर्मा, उपनिरीक्षक ज्योति राजपूत, आरक्षक नीलेश रघुवंशी, आरक्षक राजीव रघुवंशी, आरक्षक सूर्यभान जाट, आरक्षक शुभम रघुवंशी, आरक्षक राजू बघेल, आरक्षक धर्मेन्द्र रघुवंशी, आरक्षक संजय जाट, आरक्षक रामनिवास शर्मा, आरक्षक महेन्द्र वर्मा, आरक्षक रवि जाट, आरक्षक राजेश जाटव एवं गुना कोतवाली थाने से सउनि देवनारायण शर्मा, प्रधान आरक्षक अमित मिश्रा, आरक्षक नवदीप अग्रवाल, आरक्षक अजय सिकरवार, आरक्षक अमित कुशवाह, आरक्षक विनय जाट, आरक्षक जितेन्द्र वर्मा, आरक्षक शिवकुमार रघुवंशी तथा सीसीटीव्ही कंट्रोल टीम की विशेष भूमिका रही है ।
