हेपेटाइटिस के लक्षण होने पर तुरंत निःशुल्क उपचार लें - सीएमएचओ
विदिशा- मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ अखण्ड प्रताप सिंह ने बताया कि हेपेटाइटिस
लीवर से जुड़ी बीमारी जो वायरल इंफेक्शन के कारण होती है। इस बीमारी में लीवर में सूजन आ जाती
है, हेपेटाइटिस में 5 प्रकार के वायरस होते है। जिसमें हेपेटाइटिस ए.बी.सी.डी और ई इन पांचों वायरस
को गंभीरता से लेना चाहिये। क्योंकि इनके कारण हेपेटाइटिस महामारी जैसी बनती जा रही है और हर
साल इसकी वजह से होने वाली मृत्यु के आंकड़े भी बढ़ते जा रहें है। हेपेटाइटिस का टाइप बी और सी
लाखों लोंगो में क्रोनिक बीमारी का कारण बन रहें है, क्योंकि इनके कारण लीवर में सिरोसिस और कैंसर
होते है। हेपेटाइटिस के बारे में जागरूकता पैदा करने और जन्म के बाद बच्चे को वैक्सीन देकर उसे
हेपेटाइटिस से बचाया जा सकता है।
सीएमएचओ डॉ सिंह ने हेपेटाइटिस बी इन्फेक्टेड के ट्रासंफ्यूजन होने के कारणों पर गहन
प्रकाश डालते हुए बताया है कि हेपेटाइटिस-सी, एचसीव्ही के कारण होता है और जैसे प्रदूषित
खाना, प्रदूषित पानी के कारण भी होता है। हेपेटाइटिस के लक्षण पीलिया, बहुत अधिक थकान, पेट में
दर्द, सूजन, खुजली, भूख न लगना, अचानक से वजन कम होना आदि लक्षण होने पर हेपेटाइटिस बी
और सी की रोकथाम के संक्रमण को रोकने के लिये सभी शासकीय संस्थाओं पर डॉक्टर से संपर्क
करना
चाहिये। उन्होंने ने आमजनता से अपील की है कि हेपेटाइटिस के लक्षण होने पर जिला चिकित्सालय
में निःशुल्क जांच एवं उपचार लें, जिससे इस बीमारी से बचा जा सकता है।

