तकनीकि शिक्षा बनी रोजगार का सशक्त माध्यम
संघर्ष से सफलता : शिव प्रताप राजपूत बने प्लांट असिस्टेंट
गुना
आर्थिक तंगी और सीमित संसाधनों के बावजूद दृढ़ इच्छाशक्ति और मेहनत के बल पर शिव प्रताप राजपूत ने सफलता की नई मिसाल पेश की है। साधारण परिवार से आने वाले शिव प्रताप ने अपने संघर्ष और लगन से यह साबित कर दिया कि कठिन परिस्थितियाँ सफलता की राह में बाधा नहीं बन सकतीं। बारहवीं कक्षा के बाद आर्थिक समस्याओं के चलते आगे की पढ़ाई जारी रखना उनके लिए चुनौतीपूर्ण हो गया था। ऐसे में उन्होंने तकनीकी शिक्षा का रास्ता चुना और वर्ष 2022 में आईटीआई गुना में फिटर ट्रेड में प्रवेश लिया। आईटीआई में अध्ययन के दौरान उन्हें शिक्षकों का भरपूर मार्गदर्शन मिला। विशेष रूप से सत्यम श्रीवास्तव और प्रवीण भदौरिया के प्रेरणादायक सहयोग से उन्होंने न केवल सैद्धांतिक ज्ञान अर्जित किया, बल्कि प्रायोगिक कौशल में भी दक्षता हासिल की।
वर्ष 2024 में आईटीआई पूर्ण करने के बाद उनकी तकनीकी दक्षता के आधार पर उनका चयन इंदौर स्थित प्रतिष्ठित संस्थान राजा रामन्ना प्रगत प्रौद्योगिकी केंद्र (RRCAT) में अप्रेंटिसशिप के लिए हुआ। अप्रेंटिसशिप के दौरान उन्होंने कार्य के साथ-साथ प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी भी जारी रखी।
उनकी मेहनत रंग लाई और वर्ष 2025 में उनका चयन मध्य प्रदेश पावर जनरेशन कंपनी लिमिटेड (MPPGCL) में प्लांट असिस्टेंट के पद पर हो गया। वर्तमान में वे खंडवा जिले के श्री सिंगाजी थर्मल पावर प्रोजेक्ट में कार्यरत हैं।
शिव प्रताप राजपूत की यह सफलता उन युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है, जो सीमित संसाधनों के बावजूद अपने सपनों को साकार करने का साहस रखते हैं।
