सफलता की कहानी
मासूम अयांश के दिल में था छेद, RBSK बना उम्मीद की किरण; मुंबई में सफल सर्जरी के बाद लौटी मुस्कान
पांच माह के अयांश की एस.आर.सी.सी. मुंबई में निःशुल्क सफल हृदय सर्जरी, स्वस्थ होकर घर लौटा
गुना
कलेक्टर श्री किशोर कुमार कन्याल के निर्देशन एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजकुमार ऋषिश्वर के मार्गदर्शन में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (RBSK) के अंतर्गत जन्मजात विकृतियों एवं गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से पीड़ित बच्चों का शासन द्वारा चिन्हित उच्च चिकित्सा संस्थानों में निःशुल्क उपचार कराया जा रहा है। इसी क्रम में 5 माह के अयांश को सफल उपचार प्राप्त हुआ और वह स्वस्थ होकर अपने घर लौट आया।
5 माह का अयांश अपने मामा प्रदुमन मीणा का आंखों का तारा है। जन्म के समय पूरा परिवार उसकी किलकारियों से खुश था और उसे बढ़ता देखकर सभी आनंदित होते थे। लेकिन जब अयांश 3 माह का हुआ तो वह बार-बार बीमार रहने लगा। परिजनों ने उसे निजी चिकित्सकों को दिखाया। आवश्यक जांच के बाद पता चला कि अयांश के दिल में छेद है। यह जानकारी मिलते ही परिवार चिंतित हो गया और उसके उपचार के लिए हरसंभव प्रयास शुरू किए।
परिजनों को जानकारी मिली कि पलवल में उसका ऑपरेशन हो सकता है। वे अयांश को लेकर वहां पहुंचे, लेकिन चिकित्सकों ने उसकी स्थिति को देखते हुए उसे शीघ्र उच्च चिकित्सा संस्थान ले जाने की सलाह दी।
इसके बाद अयांश के मामा प्रदुमन मीणा ने उसे डॉ. अजय गुप्ता को दिखाया और पूरी स्थिति से अवगत कराया। डॉ. गुप्ता द्वारा अयांश को जिला शीघ्र हस्तक्षेप केंद्र (DEIC) रेफर किया गया। यहां जिला शीघ्र हस्तक्षेप प्रबंधक विनीता सोनी ने परिजनों की सभी शंकाओं का समाधान करते हुए उन्हें उपचार की प्रक्रिया एवं शासन द्वारा उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की जानकारी दी।
राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत अयांश को शासन द्वारा चिन्हित उच्च चिकित्सा संस्थान एस.आर.सी.सी., मुंबई रेफर किया गया। मुंबई के विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा 12 अगस्त 2026 को अयांश की हृदय सर्जरी सफलतापूर्वक की गई। उपचार के बाद स्वस्थ होकर 26 अगस्त 2026 को अयांश अपने घर वापस लौट आया।
अयांश के घर लौटते ही परिवार में खुशी की लहर दौड़ गई। मामा प्रदुमन मीणा ने बताया कि अयांश का ऑपरेशन एवं उपचार पूरी तरह निःशुल्क हुआ। उन्होंने एस.आर.सी.सी. मुंबई की बेहतर चिकित्सा सुविधाओं एवं व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए स्वास्थ्य विभाग, जिला शीघ्र हस्तक्षेप केंद्र एवं अस्पताल प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया। आज अयांश स्वस्थ होकर अपने परिवार के बीच है। उसकी मुस्कान ने परिवार की खोई खुशियां वापस लौटा दी हैं।
