नशे के अवैध कारोबार पर सख्त नजर रखें, विभागीय समन्वय से करें प्रभावी कार्रवाई : कलेक्टर
एसपी ने प्रस्तुत की कार्रवाई की रिपोर्ट, एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज प्रकरणों की दी जानकारी
गुना
जिले में मादक पदार्थों की रोकथाम, तस्करी पर अंकुश और नशे के खिलाफ समन्वित कार्रवाई को लेकर कलेक्टर श्री किशोर कुमार कन्याल ने संबंधित विभागों को सख्त निर्देश दिए हैं। कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित जिला स्तरीय एनकोर्ड (NCORD) समिति की बैठक में कलेक्टर ने स्पष्ट कहा कि नशे के अवैध कारोबार से जुड़े तत्वों पर सतत निगरानी रखी जाए तथा विभागीय समन्वय के माध्यम से प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। बैठक में पुलिस अधीक्षक श्रीमती हितिका वासल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
संदिग्ध गतिविधियों पर विशेष निगरानी के निर्देश
बैठक में कलेक्टर श्री कन्याल ने कहा कि मादक पदार्थों की तस्करी एवं अवैध विक्रय की रोकथाम के लिए खुफिया तंत्र को सक्रिय रखा जाए और संदिग्ध गतिविधियों पर तत्काल कार्रवाई की जाए। उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने तथा नशे के विरुद्ध जनजागरूकता अभियान को गांव-गांव तक पहुंचाने के निर्देश दिए।
एसपी ने रखी जिले में कार्रवाई की विस्तृत जानकारी
पुलिस अधीक्षक श्रीमती हितिका वासल ने पीपीटी के प्रस्तुतीकरण के माध्यम से जिले में नशे के विरुद्ध की गई कार्रवाई की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि विभिन्न थाना क्षेत्रों में एनडीपीएस एक्ट के तहत लगातार कार्रवाई की जा रही है। थाना कोतवाली में एक, कैंट में दो, राधौगढ़ में एक, चांचौड़ा में तीन, जामनेर में एक, बमोरी में तीन, फतेहगढ़ में दो, आरोन में एक, म्याना में एक, मधुसूदनगढ़ में दो, धरनावदा में दो तथा मृगवास में आठ प्रकरण दर्ज कर कार्रवाई की गई है। अवैध मादक पदार्थों की तस्करी और विक्रय में संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध लगातार अभियान चलाया जा रहा है।
ग्राम चौपालों के माध्यम से चलाया जा रहा जागरूकता अभियान
बैठक में बताया गया कि नशा मुक्ति एवं जनजागरूकता के लिए विभिन्न थाना क्षेत्रों में ग्राम चौपालों का आयोजन किया जा रहा है। चांचौड़ा, आरोन, जामनेर और म्याना क्षेत्रों में आयोजित चौपालों में ग्रामीणों को ‘नशामुक्त जिला-सुरक्षित भविष्य’ थीम के तहत नशे के दुष्परिणामों की जानकारी दी गई तथा युवाओं को इससे दूर रहने के लिए प्रेरित किया गया।
उपचार, काउंसलिंग और पुनर्वास की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश
कलेक्टर श्री कन्याल ने निर्देश दिए कि नशे की लत से प्रभावित व्यक्तियों का नियमित स्वास्थ्य परीक्षण कराया जाए तथा आवश्यकता अनुसार उपचार और काउंसलिंग की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि केवल कार्रवाई ही नहीं, बल्कि पुनर्वास और परामर्श की व्यवस्था भी उतनी ही महत्वपूर्ण है।
स्कूल-कॉलेजों में चलेंगे विशेष जागरूकता अभियान
बैठक में निर्णय लिया गया कि विद्यालयों और महाविद्यालयों में विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराया जाएगा। कलेक्टर ने कहा कि युवाओं को जागरूक बनाकर ही समाज को नशे के दुष्चक्र से बचाया जा सकता है। इसके लिए शिक्षा, स्वास्थ्य, पुलिस और अन्य संबंधित विभाग संयुक्त रूप से अभियान चलाएं।
