राघौगढ़ में वर्षाकाल में हाईवे पर गौवंश सुरक्षा एवं दुर्घटना रोकथाम हेतु समन्वित कार्ययोजना तैयार
गुना
अनुविभाग राघौगढ़ में आवारा गौवंश की समस्या के निराकरण, गौवंश संरक्षण तथा सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम के उद्देश्य से अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) श्री अमित सोनी की अध्यक्षता में संबंधित विभागों की बैठक आयोजित की गई। बैठक में रुठियाई से राघौगढ़ सीमा तक ए.बी. रोड, जंजाली से मधुसूदनगढ़ मार्ग तथा भरसूला से धरनावदा मार्ग सहित प्रमुख राजमार्गों पर गौवंश सुरक्षा के लिए व्यापक रणनीति तैयार की गई।
बैठक में निर्णय लिया गया कि हाईवे के निकट उपलब्ध खाली स्थानों को चिन्हित कर गौवंश को सुरक्षित रूप से एकत्रित एवं संरक्षित किया जाएगा। घायल अथवा दुर्घटनाग्रस्त गौवंश को तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने हेतु पशुपालन विभाग द्वारा त्वरित चिकित्सा व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी। राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण द्वारा स्ट्रीट लाइटों के नियमित रखरखाव, बंद लाइटों को शीघ्र चालू कराने तथा हाईवे पर पेट्रोलिंग व्यवस्था को सुदृढ़ करने के निर्देश दिए गए।
गौवंश को दुर्घटनाओं से बचाने के लिए नगरीय क्षेत्रों में नगर पालिका तथा ग्रामीण क्षेत्रों में जनपद पंचायत द्वारा विशेष दलों का गठन किया जाएगा, जो हाईवे एवं मुख्य मार्गों पर विचरण कर रहे गौवंश को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने का कार्य करेंगे। रात्रि के समय दृश्यता बढ़ाने के लिए गौवंश के गले में रेडियमयुक्त कॉलर बेल्ट एवं सींगों पर रेडियम पट्टियां लगाने की कार्यवाही भी की जाएगी। इस कार्य में गौ-रक्षकों एवं सामाजिक संगठनों का सहयोग लिया जाएगा।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि गौशालाओं एवं चिन्हित स्थलों पर गौवंश हेतु पर्याप्त चारा-पानी एवं अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। गौवंश संबंधी शिकायतों एवं त्वरित सहायता के लिए एक नियंत्रण कक्ष (कंट्रोल रूम) स्थापित किया जाएगा। साथ ही अपने पशुओं को सड़कों एवं राजमार्गों पर खुला छोड़ने वाले पशुपालकों के विरुद्ध नियमानुसार कार्यवाही करते हुए ₹500 तक का जुर्माना अधिरोपित किया जाएगा।
अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) श्री अमित सोनी ने सभी संबंधित विभागों को समन्वित रूप से कार्य करते हुए गौवंश संरक्षण एवं सड़क सुरक्षा के लिए प्रभावी कदम उठाने के निर्देश दिए तथा आमजन से भी इस अभियान में सक्रिय सहयोग की अपील की।
