ग्लोबल हैंड वाशिंग डे पर गुना जिले में चला स्वच्छ हाथ,स्वस्थ जीवन का संदेश
स्वास्थ्य संस्थाओं, स्कूलों एवं समुदाय में हाथ धुलाई के सही तरीके बताकर किया जागरूक
गुना
“हाथ धुलेंगे साबुन से, तो रोग मिटेंगे जीवन से” के प्रेरक संदेश के साथ ग्लोबल हैंड वाशिंग डे के अवसर पर जिले की समस्त स्वास्थ्य संस्थाओं में हाथ धुलाई जागरूकता गतिविधियों का आयोजन किया गया। कलेक्टर श्री किशोर कुमार कन्याल के निर्देशानुसार एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजकुमार ऋषिश्वर के मार्गदर्शन में आयोजित इन गतिविधियों का उद्देश्य आमजन को स्वच्छता के प्रति जागरूक करना तथा बीमारियों से बचाव के लिए नियमित हाथ धुलाई की आदत विकसित करना रहा।
हाथ धुलाई की सही आदत, बीमारियों से बचाव की मजबूत शुरुआत
कार्यक्रम के दौरान स्वास्थ्यकर्मियों ने बताया कि हाथों की स्वच्छता कई संक्रमणों एवं बीमारियों से बचाव का सरल और प्रभावी उपाय है। आमजन को भोजन करने से पहले, शौच के बाद तथा हाथ गंदे होने पर साबुन और स्वच्छ पानी से अच्छी तरह हाथ धोने के लिए प्रेरित किया गया। साथ ही बच्चों को छोटी उम्र से ही हाथ धुलाई की अच्छी आदत अपनाने का संदेश दिया गया।
स्वास्थ्य केंद्र पगारा में विद्यार्थियों एवं कार्यकर्ताओं को दिया प्रशिक्षण
स्वास्थ्य केंद्र पगारा में आशा कार्यकर्ताओं, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं, स्कूल के शिक्षकों एवं विद्यार्थियों को हाथ धोने के सही तरीके तथा इसके सभी आवश्यक चरणों की जानकारी दी गई। गतिविधि के माध्यम से समझाया गया कि हाथों को केवल पानी से गीला करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि साबुन से हथेलियों, हाथों के पीछे के हिस्से, उंगलियों के बीच, नाखूनों के आसपास और अंगूठों को अच्छी तरह साफ करना आवश्यक है।
आयुष्मान आरोग्य मंदिर अमोदा में जलजनित बीमारियों से बचाव की जानकारी
इसी क्रम में आयुष्मान आरोग्य मंदिर अमोदा में कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर (CHO) श्रीमती आरजू धाकड़ द्वारा हाथ धुलाई के महत्व एवं जलजनित बीमारियों से बचाव के संबंध में स्वास्थ्य शिक्षा प्रदान की गई। उपस्थित लोगों को स्वच्छ पेयजल का उपयोग करने, व्यक्तिगत स्वच्छता बनाए रखने तथा नियमित रूप से साबुन से हाथ धोने के लिए जागरूक किया गया।
जन-जन तक पहुंचा स्वच्छता का संदेश
स्वास्थ्य विभाग ने आमजन से अपील की कि हाथ धुलाई को केवल एक दिन की गतिविधि न मानकर अपनी दैनिक जीवनशैली का हिस्सा बनाएं। स्वयं जागरूक बनें और परिवार, बच्चों तथा समुदाय के अन्य लोगों को भी स्वच्छता की अच्छी आदतें अपनाने के लिए प्रेरित करें।
