कलेक्टर के सख्त निर्देश : सीएम हेल्पलाइन में लापरवाही बर्दाश्त नहीं
एसडीएम को चौपाल, शिकायत समाधान और जनजागरूकता पर विशेष फोकस के मिले निर्देश
गुना
कलेक्टर श्री किशोर कुमार कन्याल की अध्यक्षता में आयोजित समय-सीमा बैठक में विभिन्न विभागीय कार्यों एवं जनहित योजनाओं की समीक्षा की गई। बैठक में अपर कलेक्टर श्री अखिलेश जैन, जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक दुबे सहित विभिन्न विभागों के जिला अधिकारी उपस्थित रहे।
ज्ञान भारतम् पोर्टल के लिए ऐतिहासिक धरोहरों का संकलन
बैठक की शुरुआत में “ज्ञान भारतम् पोर्टल” के संबंध में जानकारी दी गई। बताया गया कि 75 वर्ष से अधिक पुराने ग्रंथ, वेद, पांडुलिपियां एवं अन्य ऐतिहासिक दस्तावेजों का संकलन पोर्टल पर किया जाना है। इस पर कलेक्टर श्री कन्याल ने एसडीएम सहित संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिले के प्रतिष्ठित एवं वरिष्ठ नागरिकों से संवाद कर ऐसी पुरानी धरोहरों का संरक्षण एवं दस्तावेजीकरण सुनिश्चित करें।
सीएम हेल्पलाइन शिकायतों पर सख्त रुख
सीएम हेल्पलाइन शिकायतों की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने सख्त निर्देश देते हुए कहा कि किसी भी स्तर पर “नॉट अटेंडेड” शिकायत नहीं रहनी चाहिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि शिकायतों के निराकरण में लापरवाही पाए जाने पर संबंधित विभाग प्रमुखों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा आमजनों की समस्याओं की निराकरण करना हम सब की प्राथमिकता होनी चाहिए।
बिजली कटौती, पेयजल आपूर्ति एवं नरवाई जलाने की घटनाओं पर सतर्कता बरतने के निर्देश
विद्युत विभाग को निर्देशित करते हुए कलेक्टर ने कहा कि रणनीति बनाकर कार्य करें तथा ऐसे समय में बिजली कटौती न की जाए जिससे पेयजल आपूर्ति प्रभावित हो।
नरवाई जलाने की घटनाओं को लेकर भी कलेक्टर ने सभी एसडीएम को लगातार मॉनिटरिंग करने एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।गर्मी के मौसम को देखते हुए कलेक्टर श्री कन्याल ने अधिकारियों एवं आमजनों से अपील की कि जन्मदिन, वैवाहिक वर्षगांठ जैसे अवसरों पर अधिक से अधिक प्याऊ स्थापित कर समाजहित में योगदान दें।
ड्रॉप आउट बच्चों पर विशेष फोकस एवं आंगनबाड़ी केंद्रों की नियमित मॉनिटरिंग पर जोर
शिक्षा विभाग को निर्देशित किया गया कि ड्रॉप आउट बच्चों की पहचान कर उन्हें पुनः स्कूल से जोड़ने के लिए जागरूकता अभियान चलाया जाए ताकि हर बच्चा शिक्षा से जुड़ सके। महिला एवं बाल विकास विभाग को निर्देशित किया गया कि आंगनबाड़ी केंद्र समय पर खुलें तथा बच्चों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित हो। इसकी शिकायत प्राप्त नहीं होना चाहिए।
चौपाल के माध्यम से जनसमस्याओं का समाधान
कलेक्टर ने सभी एसडीएम को नियमित रूप से चौपाल आयोजित करने के निर्देश देते हुए कहा कि चौपाल का उद्देश्य आमजन की समस्याओं का त्वरित निराकरण, जागरूकता एवं उन्हें सशक्त बनाना है। इसके साथ ही उन्होंने भूमि आवंटन से संबंधित लंबित प्रकरणों का प्राथमिकता से निराकरण करने के लिए कहा।
